बारहमासा दिल्ली द्वारा तृतीय ‘श्याम दरिहरे रंग महोत्सव’ का आयोजन
शिमला, 3 अक्टूबर 2026
कला, संस्कृति एवं रंगमंच के क्षेत्र में सक्रिय संस्था बारहमासा दिल्ली द्वारा तृतीय ‘श्याम दरिहरे रंग महोत्सव’ का आयोजन 3 से 5 अक्टूबर 2026 तक संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार एवं गेयटी थिएटर, शिमला के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है। तीन दिवसीय इस रंग महोत्सव में विभिन्न सामाजिक एवं समकालीन विषयों पर आधारित नाटकों का मंचन किया जाएगा। महोत्सव के दौरान प्रतिदिन शाम 5 बजे नाट्य प्रस्तुतियां आयोजित होंगी। आयोजन का उद्देश्य रंगमंच के माध्यम से समाज, संस्कृति और मानवीय संवेदनाओं से जुड़े विषयों को दर्शकों तक पहुंचाना तथा रंगकर्म को प्रोत्साहित करना है।
तीन दिनों में तीन नाट्य प्रस्तुतियां
3 अक्टूबर 2026 — ‘स्वयंदीपा’
लेखक — माधुरी सुबोध
निर्देशक — अरविंद सिंह ‘चंद्रवंशी’
प्रस्तुति — सुमुखा, दिल्ली
4 अक्टूबर 2026 — ‘मायाजाल’
लेखक — मनीष झा ‘बौआभाई’
निर्देशक — मुकेश झा
प्रस्तुति — ए.आर. फाउंडेशन, मधुबनी (बिहार)
5 अक्टूबर 2026 — ‘आधे अधूरे’
लेखक — मोहन राकेश
निर्देशक — रूपेश भीमटा
प्रस्तुति — शिमला एक्टिंग अकादमी, शिमला
बारहमासा के निदेशक मुकेश झा के अनुसार, रंगमहोत्सव में अलग-अलग सामाजिक और मानवीय सरोकारों को रंगमंच की विविध शैलियों के माध्यम से प्रस्तुत किया जाएगा। तीनों नाटकों के विषय और प्रस्तुतियां दर्शकों को समाज और व्यक्ति के विभिन्न पहलुओं पर विचार करने का अवसर देंगी। बारहमासा दिल्ली की ओर से बताया गया कि इस आयोजन का मूल संदेश “रंगमंच से संस्कृति, संस्कृति से समाज” है। संस्था रंगमंच एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से कलाकारों और दर्शकों के बीच संवाद को मजबूत करने की दिशा में कार्य कर रही है। महोत्सव का आयोजन गेयटी थिएटर, शिमला में होगा। रंगमंच एवं कला प्रेमियों से तीनों दिनों की प्रस्तुतियों में उपस्थित होकर कलाकारों का उत्साहवर्धन करने का आग्रह किया गया है।